हनुमान की भक्ति से मिलती है शक्ति, कम होती है शनि दोष की पीड़ा

शनिवार न्याय के अधिपति भगवान शनि देव की उपासना का दिन। इस दिन बड़े पैमाने पर श्रद्धालु शनिमंदिरों में पहुंचकर काले तिल, उड़द, जौ, काले वस्त्र आदि अर्पित करते हैं वहीं दूसरी ओर शनि देव की मूर्ति पर तेल चढ़ाकर पुण्य कमाते हैं। भगवान शनि देव के अतिरिक्त बाबा श्री हनुमान को प्रसन्न कर श्रद्धालु शनि दोष और शनि पीड़ा से मुक्ति पाते हैं। इस दिन बाबा श्री हनुमान जी को चोला चढ़ाने से श्रद्धालुओं की हर मन्नत पूरी होती है।

श्री हनुमान जी की आराधना के लिए शनिवार को हवन भी किया जाता है। इसके अलावा हनुमान जी को गुड़ और चने का भोग लगाने से हर काम पूरा होता है। दरअसल हनुमान जी ने बाल समय में ही भगवान सूर्य को अपने मुख में ग्रस लिया था। ऐसे में सारे देवता हाहाकार कर श्री हनुमान जी की आराधना करने लगे। जिसके बाद श्री हनुमान ने सूर्य देव को छोड़ दिया। श्री हनुमान जी शनि मुक्ति के कारक देवता माने गए हैं। दरअसल हनुमान जी की शक्ति से श्री शनि देव की पीड़ा कम हो जाती है।

दरअसल हनुमान जी को वरदान है कि जो भी उनकी आराधना करेगा उसे शनि पीड़ा से मुक्ति मिलेगी। शनि पीड़ा से मुक्ति के लिए शनिवार को भगवान श्री शनि देव को तेल, तिल, जौ, काला वस्त्र आदि अर्पित करने के साथ ही भगवान श्री हनुमान के मंदिर में तेल का दीपक लगाने, भगवान श्री हनुमान जी का चोला श्रृंगार करने और गरीब को अन्नदान करने से शनि दोष की पीड़ा से मुक्ति मिलती है यही नहीं शनिवार को चींटियों को आटे का दान करने से भी शनि पीड़ा से मुक्ति मिलती है।
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शनि पीड़ा से मुक्ति के कुछ उपाय

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