आज से प्रारम्भ हो रहा है मलमास, बन रहा है दुर्लभ योग, जानें- शुभ मुहूर्त और पूजा विधि

इस साल अधिक मास या मलमास या पुरुषोत्तम मास का आरंभ आज यानी कि 18 सितंबर दिन शुक्रवार को उत्तराफाल्गुनी नक्षत्र और शुक्ल नाम के शुभ योग में शुरू हो रहा  है. अधिक या पुरुषोत्तम मास के बारे में शास्त्रों में कहा गया है कि ‘अधिकस्य अधिक फलं’ मतलब अधिक मास में शुभ कार्यों का फल अधिक मिलता है. बता दें कि इस साल अधिक या पुरुषोत्तम मास आज 18 सितंबर 2020 से शुरू होकर 16 अक्टूबर 2020 तक चलेगा. लगभग एक महीने तक चलने वाले इस अधिक मास में कई शुभ मुहूर्त और दुर्लभ योग भी बन रहे हैं.

आइए विस्तार से जानते हैं इन बनने वाले शुभ मुहूर्त और दुर्लभ योग के बारे में

ये हैं शुभ मुहूर्त जिनमें कुछ विशेष कार्य किए जा सकते हैं

  • इस अधिक मास में अगर वाहन खरीदना है तो इसके लिए शुभ दिन- सितंबर में 19, 20, 27, 28 और 29 तारीख जबकि अक्टूबर में 04, 10 और 11 तारीख है.
  • इस अधिक मास में सगाई आदि के कार्य के लिए भी शुभ दिन है. जैसे सितंबर में 18, और 26 तारीख को जबकि अक्टूबर में 07 और 15 तारीख को सगाई आदि कार्य किए जा सकते हैं.
  • इस अधिक मास में व्यापारिक सौदे के लिए भी शुभ दिन है. जैसे सितंबर में 19, 21 और 27 तारीख को जबकि अक्टूबर में 06 अक्टूबर को व्यापारिक सौदों के लिए शुभ दिन होगा.
  • धार्मिक कार्य जैसे कि यज्ञ, हवन आदि के लिए इस अधिक मास में सितंबर में 26 तारीख और अक्टूबर में 1, 4, 6, 7, 9, 11 और 17 तारीख को हवन, जप और आदि अनुष्ठान किए जा सकते हैं.

अधिक मास के दुर्लभ योग:

  • सर्वार्थसिद्धि योग सितंबर में 26 तारीख को जबकि अक्टूबर में 1, 4, 6, 7, 9, 11 और 17 तारीख को सर्वार्थसिद्धि योग है.
  • द्विपुष्कर योग सितंबर में 19 और 27 तारीख को द्विपुष्कर योग रहेगा. ऐसा माना जाता है कि इस योग में किए गए कार्यों का दोगुना फल मिलता है.
  • अमृतसिद्धि योग अक्टूबर में 2 तारीख को अमृतसिद्धि योग रहेगा जिसके कारण इस योग में किए गए कार्यों का दीर्घकालीन फल मिलता है.
  • पुष्य नक्षत्र- इस अधिक मास में अक्टूबर में 10 और 11 तारीख को पुष्य नक्षत्र भी पड़ रहा है. ऐसा माना जाता है कि पुष्य नक्षत्र में कोई शुभ कार्य किया जा सकता है.
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