भगवान कार्तिकेय की आरती : जय जय आरती वेणु गोपाला

जय जय आरती
जय जय आरती वेणु गोपाला
वेणु गोपाला वेणु लोला
पाप विदुरा नवनीत चोरा
जय जय आरती वेंकटरमणा
वेंकटरमणा संकटहरणा

सीता राम राधे श्याम

जय जय आरती गौरी मनोहर
गौरी मनोहर भवानी शंकर
साम्ब सदाशिव उमा महेश्वर
जय जय आरती राज राजेश्वरि
राज राजेश्वरि त्रिपुरसुन्दरि
महा सरस्वती महा लक्ष्मी
महा काली महा लक्ष्मी
जय जय आरती आन्जनेय
आन्जनेय हनुमन्ता
जय जय आरति दत्तात्रेय
दत्तात्रेय त्रिमुर्ति अवतार
जय जय आरती सिद्धि विनायक
सिद्धि विनायक श्री गणेश
जय जय आरती सुब्रह्मण्य
सुब्रह्मण्य कार्तिकेय।
अपनी किस्मत को लेकर हैं परेशान तो वास्तु के अनुसार फिटकरी का यह टोटका बदल सकता है आपका जीवन
धन्वं‍तरि कौन थे जिनकी होती है धन तेरस पर पूजा

Check Also

शनि पीड़ा से मुक्ति के कुछ उपाय

भगवान शनि देव का ग्रहों में विशेष स्थान है। दरअसल खगोलीय दृष्टिकोण से शनि ग्रह …