शनिदेव की प्रतिमा के आंखों में आंखे डालकर दर्शन नहीं करना चाहिए: धर्म

आम धारणा है कि शनि की अशुभ द्दष्टि जिस किसी भी व्यक्ति के ऊपर पड़ती है तो उसकी परेशानियां बढ़ने लगती है और बनते हुए काम बिगड़ने लगते हैं।

पौराणिक कथा के अनुसार शनि का विवाह एक ऐसी कन्या से हुआ था जो स्वभाव से बहुत ही उग्र थीं। एक बार शनिदेव की पत्नी पुत्र की लालसा में उनके पास पहुंची लेकिन शनि भगवान की भक्ति में इतने लीन थे कि उन्हें इस बात का पता ही नहीं चला।

इससे आहत होकर पत्नी ने शनि को शाप दिया कि जिस पर आपकी दृष्टि पड़ेगी उसका सबकुछ नष्ट हो जायेगा। क्योंकि पत्नी होने पर भी शनि देव ने कभी उनको प्रेम की नजर से नहीं देखा।

इसी कारण से शनि की नजर को अशुभ माना जाता है। शास्त्रों के अनुसार कभी भी शनिदेव की प्रतिमा के आंखों में आंखे डालकर दर्शन नहीं करना चाहिए। हमेशा नजरे उनके पैरों की तरफ होनी चाहिए।

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