स्नान-दान के लिए बेहद विशेष है वैशाख पूर्णिमा

वैशाख पूर्णिमा 23 मई को मनाई जाएगी। इस दिन भगवान विष्णु की पूजा होती है। ऐसा माना जाता है जो लोग इस पवित्र दिन का उपवास रखते हैं और चंद्र देव को अर्घ्य देते हैं उनकी सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। इसके साथ ही यह तिथि स्नान-दान के लिए बहुत शुभ मानी जाती है तो आइए शुभ मुहूर्त जानते हैं –

हिंदू धर्म में वैशाख पूर्णिमा का बहुत ज्यादा महत्व है। यह दिन भगवान श्री हरि विष्णु की पूजा के लिए समर्पित है। इस दिन भगवान सत्यनारायण की पूजा का भी विधान है। इस बार वैशाख पूर्णिमा 23 मई, 2024 दिन गुरुवार को मनाई जाएगी। ऐसी मान्यता है कि इस दिन का व्रत करने से मनचाही इच्छाएं पूर्ण होती हैं।

साथ ही जीवन में शुभता बनी रहती है। वहीं, इस दिन स्नान-दान और चंद्रमा को अर्घ्य जरूर देना चाहिए। इसके बिना पूर्णिमा का व्रत अधूरा होता है, तो आइए शुभ मुहूर्त जानते हैं –

वैशाख पूर्णिमा स्नान-दान का शुभ मुहूर्त

वैशाख पूर्णिमा की शुरुआत 22 मई, 2024 शाम 7 बजकर 47 मिनट पर होगी, वहीं, इसका समापन अगले दिन 23 मई, 2024 शाम 7 बजकर 22 मिनट पर होगा। इस दिन स्नान-दान का समय 23 मई सुबह 4 बजकर 4 मिनट से सुबह 4 बजकर 45 मिनट तक रहेगा।

वैशाख पूर्णिमा 2024 चंद्रोदय समय

वैशाख पूर्णिमा के दिन चंद्रोदय शाम 07 बजकर 12 मिनट पर होगा, व्रती चंद्रमा की पूजा और उन्हें अर्घ्य देने के बाद ही व्रत खोलें। ऐसा माना जाता है कि अर्घ्य देने के बाद ही व्रत पूरा होता है।

वैशाख पूर्णिमा तिथि और समय

हिंदू पंचांग के अनुसार, 22 मई, 2024 दिन बुधवार शाम 06 बजकर 47 मिनट पर वैशाख पूर्णिमा तिथि की शुरुआत होगी। वहीं, इस तिथि का समापन अगले दिन 23 मई गुरुवार शाम 07 बजकर 22 मिनट पर होगा। उदयातिथि को देखते हुए वैशाख पूर्णिमा 23 मई, 2024 को मनाई जाएगी।

इसलिए श्री हरि ने भगवान नरसिंह का लिया था अवतार
सोम प्रदोष व्रत पर इन कार्यों को करने से बचें

Check Also

निर्जला एकादशी के दिन श्री हरि के साथ करें मां तुलसी की पूजा

इस साल निर्जला एकादशी 18 जून 2024 को मनाई जाएगी। ऐसा कहा जाता है कि …