रावण संहिता के अपनाएं ये उपाय, इसकी बदौलत बन सकते है अमीर

दशहरा फेस्टिवल हिन्दू धर्म का मुख्य पर्व है। इसे विजया दशमी त्यौहार के नाम से भी जाना जाता है। इस वर्ष यह पर्व 25 अक्टूबर को मनाया जाएगा। धार्मिक मान्यता के मुताबिक, इस त्यौहार को असत्य पर सत्य की जीत तथा बुराई पर अच्छाई की जीत के तौर पर मनाया जाता है। इसलिए दशहरा के दिन देश में रावण के पुतले का दहन किया जाता है।

वही रावण, परम ज्ञानी तथा बहुत विद्वान था, किन्तु घमंड की वजह से उसका सर्वनाश हुआ। वह शिव का परमभक्त था। कहते हैं शिव की भक्ति में ही रावण ने शिव तांडव स्तोत्र लिखा था। वह ज्योतिष तथा तंत्र मंत्र विद्या में पारंगत था। उसने रावण संहिता नामक ग्रंथ लिखा था। इस ग्रंथ में उन्होंने ऐसे कई सुझाव बताए हैं जिसकी बदौलत शख्स सभी तरह के सुखों को पा सकता है। ये सुझाव इस तरह हैं-

धन से संबंधित परेशानियों के लिए करें यह उपाय:
धन से जुड़ी सभी परेशानियों के निदान के लिए “ॐ सरस्वती ईश्वरी भगवती माता क्रां क्लीं श्रीं श्रीं मम धनं देहि फट् स्वाहा” इस मंत्र का जाप निरंतर 40 दिनों तक करने से महालक्ष्मी की कृपा बढ़ती है। यदि कहीं पर आपका पैसा अटका हुआ है तो रुका हुआ पैसा भी आपको मिल जाएगा।

आर्थिक हालात को सुधारने के लिए जपें यह मंत्र:
अपने आर्थिक हालात को मजबूत बनाने के लिए निरंतर 21 दिनों तक निरंतर रूद्राक्ष की माला लेकर ‘ॐ ह्रीं श्रीं क्लीं नम: ध्व: ध्व: स्वाहा’ मंत्र का जाप करना चाहिए। इस उपाय को करने से आपके आर्थिक हालात मजबूत होंगे। आय के साधनों में बढ़ोतरी होगी।

धन प्राप्ति के लिए करें यह उपाय:
रावण ने रावण संहिता में दूर्वा को बेहद ही चमत्कारी माना गया है। धन प्राप्ति के लिए दूध में दूर्वा घास को माथे पर तिलक करने से धन की प्राप्ति होती है। रावण संहिता में बताया गया दुर्वा का यह बहुत ही कारगर होता है।

यश प्राप्ति के लिए करें यह कार्य:
रावण संहिता के मुताबिक, समाज में अपना यश, मान-सम्मान बढ़ाने के लिए बिल्व पत्र को पीसकर चंदन लगाना चाहिए। इस सुझाव को करने से आपके यश, मान-सम्मान में चमत्कारिक बढ़ोतरी होगी।

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